अवैध खाद भंडारण पर कृषि विभाग का बड़ा एक्शन,तीन दुकानों की बिक्री बंद

जांजगीर चांपा जिले में किसानों को समय पर और सही गुणवत्ता का खाद उपलब्ध कराने के लिए कृषि विभाग लगातार सख्ती बरत रहा है,,जिले भर में सहकारी समितियों और निजी खाद दुकानों की लगातार जांच की जा रही है,,कृषि विभाग की टीम किसानों तक खाद की सही तरीके से पहुंच सुनिश्चित करने के साथ-साथ कालाबाजारी और गड़बड़ी रोकने में जुटी हुई है।

जिले के नोडल अधिकारी,,उर्वरक निरीक्षक और मैदानी अमले ने अब तक जिले की 102 सहकारी समितियों और करीब 160 निजी खाद विक्रय केंद्रों का निरीक्षण किया है,,जांच के दौरान कई दुकानों में रिकॉर्ड और वास्तविक स्टॉक में अंतर पाया गया,,कहीं स्टॉक रजिस्टर अपडेट नहीं मिला तो कहीं खाद का भंडारण रिकॉर्ड से ज्यादा पाया गया।

अनियमितता मिलने पर कृषि विभाग ने उर्वरक गुण नियंत्रण आदेश 1985 के तहत 52 खाद विक्रय केंद्रों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है,,वहीं तीन दुकानों पर गंभीर गड़बड़ी मिलने के बाद उनके खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए खाद बिक्री पर रोक लगा दी गई है,,विभाग के मुताबिक राजेश ट्रेडर्स में 500 बोरी एसएसपी खाद का रिकॉर्ड नहीं मिला,,इसी तरह अग्रवाल एग्रो एजेंसी में बायो पोटाश की 45 बोरी,,एनपीके 5:15:0:10 की 20 बोरी और 20:20:0 की 40 बोरी स्टॉक में मौजूद मिली,,लेकिन उसका कोई सही रिकॉर्ड दर्ज नहीं था,,इसके अलावा अनंत ट्रेडर्स में एनपीके 14:28:0 की 34 बोरी और जिंकेटेड एसएसपी की 100 बोरी का “ओ” फॉर्म में इंद्राज नहीं पाया गया,,विभाग ने इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए संबंधित दुकानों की बिक्री पर तत्काल रोक लगा दी।

कृषि विभाग का कहना है कि किसानों को पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध कराने और खाद वितरण में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा,,अधिकारियों ने साफ कहा है कि खाद की कालाबाजारी,,अवैध भंडारण या रिकॉर्ड में गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ आगे भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।



