जांजगीर व सक्ती जिले की सीमा पर 13 गाँव प्रशासनिक असमंजस के शिकार,राजस्व जिला अलग, थाना अलग ग्रामीण झेल रहे दोहरी मार,

जब जिला से कुछ ब्लाक कट कर अलग जिला बनता है तब निश्चित ही उस क्षेत्र के रहने वालों के लिए एक बड़ी सौगात होती है,,लेकिन दोनों जिला के सरहदी क्षेत्र मे बसें गांव के लिए किसी दंश से कम नहीं होता,,जांजगीर जिला से अलग हो कर सक्ति भले ही जिला बन गया है लेकिन आज भी दोनों जिला के 13 ऐसे गांव है जो राजस्व जिला दूसरा और पुलिस जिला दूसरा का दंश झेल रहे है,,आइये जानते है कौन कौन गाँव है जहाँ परिसिमन की सख्त आवश्यकता है

जांजगीर चाम्पा जिला से सक्ति का अलग जिला बनने मे बाद एक बड़ी समस्या सामने आ गई है,,सक्ति और जांजगीर चाम्पा जिला के कई गांव ऐसे है जिसमे राजस्व जिला अलग और थाना अलग है,,जिसके कारण उन गांव मे ना तो शासन की योजना का कोई लाभ मिल पाता है और ना ही वहाँ होने वाले अपराधिक प्रकरणों मे कमी आती है,,जिसका फायदा गलत काम करने वाले उठाते है,,ऐसा ही एक गांव है करिह ग्राम पंचायत जो वैसे तो सक्ति राजस्व जिला मे है,,लेकिन जांजगीर चाम्पा जिला के बिर्रा थाना मे उस गांव को शामिल किया गया,,यही वजह है कि वहाँ सप्ताह भर मे तीन मर्डर हो गए और जिसका पहला कारण अवैध रेत उत्तखन्न की राशि का बंटवारा और दो लोगो की हत्या का कारण शराब का अवैध कारोबार है,,जिस पर रोक लगाने मे ना तो सक्ति जिला के अधिकारियो ने ध्यान दिया और ना ही बिर्रा पुलिस ने दखल दिया,,इस सभी समस्याओ को देखते हुए जांजगीर एसपी ने जांजगीर चाम्पा और सक्ति कलेक्टर के माध्यम से परिसिमन के लिए पत्र लिखें है,,पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय ने जांजगीर चाम्पा और सक्ति जिला के कलेक्टर प्रेषित कर थाना और चौकियो के परिसिमन की मांग की है,,सक्ति जिला जांजगीर चाम्पा जिला से कट कर 8 सितंबर 2022 को अलग अस्तित्व मे आया था,,लेकिन दोनों जिला के सीमा वर्ती ग्राम पंचायतो का परिसिमन नहीं हो पाया,,जिसके कारण सक्ति जिला और जांजगीर चाम्पा जिला के 13 गांव अभी भी किसी एक जिला मे शामिल नहीं है

जांजगीर चाम्पा राजस्व जिला के सारा गांव थाना क्षेत्र जांजगीर चाम्पा जिला मे है,,लेकिन नगरदा चौकी सक्ति राजस्व जिला मे हैऔर झींका,,गिधौरी,,कचंदा,,झरना,,भूरकाडीह,,खम्हीया,,दर्री बंजर,,सहित मौहा डीह,,गांव जांजगीर चाम्पा जिला क सारा गांव थाना क्षेत्र मे शामिल है,,वही सक्ति राजस्व जिला मे करहि,,किकिरदा और घिवरा ग्राम पंचायत है लेकिन ये तीनो गांव जांजगीर चाम्पा जिला के बिर्रा थाना क्षेत्र मे शामिल है,,इसके अलावा सक्ति जिला के बाराद्वार थाना और जांजगीर चाम्पा जिला के सारा गांव तहसील क्षेत्र राजस्व गांव के अंतर्गत मुक्ताराजा,,भगोड़ीह,,रिसदा,,नवागाव,,खम्हीया,, दर्रीदांड,सरहर,,और दुरपा शामिल है,,जिन्हे जांजगीर चाम्पा मे ही जोड़ने का प्रस्ताव भेजा गया है

जांजगीर चाम्पा और सक्ति जिला के सीमा क्षेत्र से जुड़े इन गांव के लोगो को एक काम ले लिए राजस्व या पुलिस काम के लिए सक्ति जाना पड़ता है वही थाना या राजस्व प्रकरण छोटी मोटी समस्याओ के लिए दूसरे जिला पर निर्भर रहना पड़ता है,,इसके अलावा इस क्षेत्र ने अपराधिक प्रकरण या घोटालो मे बहुत अधिक अधिकारियों की नजर नहीं होती जिसका लाभ अवैध कारोबारी उठाते है,,
विजय पाण्डेय ( पुलिस अधीक्षक जांजगीर चाम्पा )
पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय ने बताया कि करहि गाँव मे रेत अवैध उतखन्न की राशि उगाहि पंचायत द्वारा की रही थी,,जिसके बंटवारे के नाम पर उप सरपंच की हत्या हो गई,,वही गांव मे कच्ची शराब और अंग्रेजी शराब के धड़ल्ले से हो रहे कारोबार पर अंकुश नहीं लगने के कारण अवैध बिक्री जोरो पर है और उसी वजह से दो लोगो को शराब मे जहर मिला कर हत्या कर दी गई,,राजस्व जिला और पुलिस जिला अलग होने की वजह से इस तरह के कारोबार मे अंकुश लगाने मे काफी परेशानी होती है



